बज्जिकाञ्चल संवाददाता,रौतहट, भादाे १६ ।
नेपाल पत्रकार महासंघ रौतहट शाखा जिल्लाभितर ‘प्रेस’ लिखल सवारी साधनसबउपर कडाइ करेके निर्णय कएले हए । शाखाके आई सम्पन्न बैठकसे ‘प्रेस’के नाममे सवारी साधनके दुरुपयोग बढल कहईत अबसे ओइसन सवारी साधनसबसे ‘प्रेस’ लिखल शब्द हटाबेके निर्णय लेले हए ।
महासंघके अनुसार, संचारमाध्यमके हकमे काैनाे सवारी साधन मिडिया हाउसके नाममे दर्ता भेल खण्डमे मात्र सम्बन्धित मिडिया हाउसके नाम उल्लेख कएल जासकईत हए । आपतकालीन अवस्था, कर्फ्यू वा सवारी आवागमनमे प्रतिबन्धित अवस्थामे बाहेक अन्य सामान्य अवस्थामे ‘प्रेस’ लिखल सवारी प्रयोग नकरेला महासंघ अनुरोध कएले हए ।
बैठकसे जिल्ला ट्राफिक कार्यालय आ जिल्ला प्रहरी कार्यालयके पत्राचार करईत ‘प्रेस’ लिखल सवारी साधनसबके गहन जाँच करेला समेत अनुरोध कएले जानकारी करावल गेल हए ।
पूर्व अध्यक्ष साहके आपत्ति
नेपाल पत्रकार महासंघके पूर्व अध्यक्ष रविन्द्र साह उक्त निर्णयप्रति घोर आपत्ति जनएले हए । हुन सामाजिक सञ्जालमार्फत प्रतिक्रिया देईत कहले छत्, “विधानके अंगिकार कएल जाई कि? ट्राफिक प्रहरीके भूमिकामे पत्रकार बनेके हए? अनहरा देशमे कनहा राजा बनेकु प्रयास नकएल जाए।”
उनकर कहनाममे , महासंघ अपन मूल जिम्मेवारीसे बाहर जाएके खोजले देखल गेल हए । प्रेस स्वतन्त्रता आ पत्रकार सुरक्षा सुनिश्चित करेके संस्था ट्राफिक नियमन करेके शैली देखावनाई उपयुक्त नहाेएके साहके तर्क हए ।
रौतहटमे हाल ‘प्रेस’के नाममे सवारी दुरुपयोग भेल गुनासो व्यापक हए । लेकिन ऐई प्रकारके निर्णयसे कानुनी रूपमे वैध सवारी साधन आ निष्पक्ष पत्रकारिता उपर असर परेके सम्भावनाबारे समेत बहस शुरु भेल हए ।

